
मवाना संवाददाता। नगर का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, जो सिजेरियन ऑपरेशन के मामले में यूपी में प्रथम स्थान प्राप्त किए हुए है, उस अस्पताल में जांच कराने के लिए करीब दो सौ मरीजों को घंटों लाइन में लगे रहना पड़ा। वो भी एक लैब टेक्नीशियन की कारगुजारियों के चलते। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में लैब टेक्नीशियन पद पर तैनात कर्मचारी मरीजों से दुर्व्यवहार कर रहा है। मंगलवार को शिक्षक नेता चौधरी नरेशपाल अपने बेटे की छाती की जांच कराने गए तो लैब टेक्नीशियन अरशद ने जांच करने से मना कर दिया, सीएमओ अशोक कटारिया और सीएचसी प्रभारी डॉक्टर अरुण से बात कराने के बाद आधे घंटे में ही जांच कर रिपोर्ट सौंप दी। बाल रोग विशेषज्ञ डॉक्टर अनिल शर्मा के लिए भी अपशब्दों का इस्तेमाल किया। बाल रोग विशेषज्ञ डॉक्टर अनिल ने जब इस बारे में सीएचसी प्रभारी से वार्ता की तो उन्होंने भी कर्मचारी का पक्ष ही लिया। जिससे क्षुब्ध होकर डॉक्टर अनिल शर्मा ने सीएमओ डॉक्टर अशोक कटारिया को पूरे मामले से अवगत कराया। अरशद के दुर्व्यवहार करने और जांच नहीं करने से जांच केंद्र के बाहर सैकड़ों मरीज इक्कठा भी हो गए और जमकर हंगामा काटा, जिन्हें बाल रोग विशेषज्ञ ने समझा बुझाकर शांत कराया। इस संदर्भ में जब सीएमओ से वार्ता की गई तो उन्होंने कहा कि लैब टेक्नीशियन की जांच कराकर उस पर कार्यवाही कराई जाएगी। इन्होंने कहा: लैब टेक्नीशियन अरशद की शिकायत मुझे मिली है, उसने चिकित्सक और मरीजों के साथ दुर्व्यवहार किया है। प्रकरण की जांच कराई जा रही है, जांच में दोषी होगा तो उसके खिलाफ विभागीय कार्यवाही की जाएगी। सीएमओ डॉक्टर अशोक कटारिया