
मेरठ हीरा टाइम्स ब्यूरो। जागृति विहार में चल रही हनुमंत कथा के दूसरे दिन आचार्य धीरेन्द्र शास्त्री ने कहा कि हम तलवारों की लड़ाई से इतिहास बदलने की बात नही कर रहे है। हमारी क्रांति इसीलिए है कि इंसान में इसानियम आनी चाहिए। एक हाथ में गीता और पुराण और संविधान । देश शस्त्र और शास्त्र दोनों से चलेगा। उन्होंने कहा कि शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने गौमाता को राष्ट्रमाता घोषित कराने का प्रण लिया है। वह बहुत सुंदर कार्य है। शंकराचार्य जी को इस कार्य के लिए हम लाखों करोड़ों बार साधुवाद देना चाहते है। कथा में उन्होंने कहा कि जो हनुमान जी भक्त है उनका मंगल ही होता है। अमंगल का नाश करने वाले देवता हनुमान ही है। उन्होंने कहा कि दिल्ली से ब्रज तक की पद यात्रा भारत को हिदूं राष्ट्र बनाने के लिए निकाली जायेगी। संतो बातचीत करके की निर्णय लिया गया है। पद यात्रा में हिन्दुआंे को जगाना, हिंदूओं को एक करना, भेदभाव मुक्त समाज को एक संगठित कर विचारों की क्रांाति ब्रज क्षेत्र में मांस मदिरा का विक्रय पूर्ण रूप से बंद करना, सरकार के साथ लोगों के मन में यह संकल्प होना चाहिए कि इस ध्येय को लेकर यात्रा निकाली जायेगी। यह दूसरी पद यात्रा भारत का हिंदू राष्ट बनाने के लिए होगी। कथा में राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल ,सांसद लक्ष्मीकांत वाजपेयी, विधायक अमित अग्रवाल, वरूण अग्रवाल, विनोद भारती, मुकेश सिंघल, हरपाल सैनी, नीरज मित्तल, संजय त्रिपाठी, एडवोकेटे रामकुमार शर्मा, गणेश अग्रवाल, ने हनुमान जी पूजा करके आचार्य धीरेन्द्र शास्त्री ने आर्शीवाद लिया।