
लखनऊ एजेंसी। उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य परिवहन निगम द्वारा चलाई जाने वाली बसों के किराये में 10 फीसदी की कमी की गई है। परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने कहा कि ये कटौती 22 मार्च से 30 अप्रैल तक की गई है। उन्होंने कहा कि इससे पहले भी यात्रियों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए किराए में कटौती की गई थी। मंत्री ने कहा कि यात्रियों को कम किराये में बेहतर सेवाएं मुहैया कराने के लिए ऐसा किया गया है। यूपी सरकार में परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने जानकारी देते हुए कहा कि 22 मार्च से 30 अप्रैल तक उत्तर प्रदेश परिवहन निगम द्वारा संचालित समस्त वातानुकूलित बसों के किराए में न्यूनतम 10 प्रतिशत तक की कमी की गई है। उन्होंने कहा कि यह कमी परिवहन निगम के लाभ की स्थिति को देखते हुए और यात्रियों को बेहतर सेवाएं मुहैया कराने के लिए की गई है। इससे यात्री साधारण बसों के लगभग किराए में जनरथ सेवा का आनंद उठा सकते हैं। परिवहन मंत्री ने कहा कि वातानुकूलित बसों जनरथ, पिंक, शताब्दी हाई एंड बसों (वोल्वो) वातानुकूलित शयनयान में छूट प्रदान की गई है। उन्होंने कहा कि वातानुकृत 3’2 का किराया 1.45 प्रति किलोमीटर, 2’2 बस सेवा का किराया 1.60 रुपए प्रति किलोमीटर हाई एंड बसों (वोल्वो) 2.30 रुपए एवं वातानुकूलित शयनयान का किराया 2.10 रुपए होगा।
उन्होंने कहा- वातानुकूलित बसों के किराए में सर्दियों के समय में 10ः की कमी वातानुकूलित वस्तुओं के किराए में परिवहन निगम द्वारा की जाती है। परंतु इस वर्ष लाभ की स्थिति को देखते हुए इसे 30 अप्रैल तक के लिए बढ़ाया गया है। यात्रियों को आकर्षित करने के लिए राज्य परिवहन एसी बसों के किराये में 10 फीसदी की छूट दी है। इसकी जानकारी खुद परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने दी। उन्होंने कहा कि सरकार ने ये पहली बार नहीं किया है। सर्दी के टाइम पर किराये में 10 फीसदी की कमी की गई थी। जिसे 30 अप्रैल तक बढ़ा दिया गया है।