मवाना संवाददाता। वीरागना अहिल्याबाई होलकर की 300वीं जयती पर हस्तिनापुर विधायक एवं राज्यमंत्री दिनेश खटीक ने उनके जीवन पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि वीरांगना अहिल्याबाई ने अपना समस्त जीवन सनातन धर्म के उत्थान में लगा दिया। सभी 12 ज्योतिर्लिंगों का जीर्णोद्धार कराया। इसके अलावा भी धर्मसेवा में उन्होंने काशी विश्वनाथ मंदिर का जीर्णोद्धार और सोमनाथ मंदिर का पुनर्निर्माण कराया, लेकिन कांग्रेस शासन में उनके इतिहास को मिटाने की कोशिश की गई।
भाजपा सरकार बनने के बाद ऐसी विरांगनाओं का इतिहास आम जन के सामने रखने के लिए उनकी 300वी जयंती पूरे देश में धूमधाम से मनाई जा रही है। कार्यक्रम का आयोजन मवाना ब्लॉक कार्यालय के सभागार में किया गया था। कार्यक्रम में विशेष रूप से मवाना, हस्तिनापुर और परीक्षितगढ़ ब्लॉक के जनप्रतिनिधियों जिनमें ग्राम प्रधान, बीडीसी सदस्य और आगनबाड़ी कार्यकत्रियों को आमत्रित किया गया था। कार्यक्रम के प्रारंभमें ब्लॉक प्रमुख हस्तिनापुर नितिन पोसवाल, परीक्षितगढ़ प्रमुख ब्रहम सिंह व मवाना ब्लॉक प्रमुख गीता पायला व उनके पति योगेश प्रधान ने राज्यमंत्री दिनेश खटीक क्षेत्रीय मंत्री भाजपा विकास अग्रवाल, भाजपा नेता विमल शर्मा का बुके भेंटकर व माला पहनाकर स्वागत किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राज्यमंत्री दिनेश खटीक ने कहा कि वीरागना अहिल्याबाई ने अपने राज्य में निष्पक्ष और त्वरित न्याय व्यवस्था लागू की।
वे स्वयं अदालत में बैठकर जनता की समस्याएं सुनती थीं और सभी के साथ समान व्यवहार करती थी। इसलिए लोक उन्हे लोकमाता भी कहते कहते थे। सनातन धर्म के लिए उन्होंने सभी 12 ज्योतिलिंगों का जीर्णोद्धार कराया और बहुत से नए नदिरों का निर्माण कराया। जनकल्याण के लिए उन्होंने सड़कों कुओं और बावड़ियों का निर्माण कराया और गरीबों व विधवाओं के लिए कई कल्याणकारी योजना चलाई।
