
Yogi Adityanath, chief minister of Uttar Pradesh, speaks during a news conference in Lucknow, India, on Friday, March 19, 2021. The ruling Bharatiya Janata Party faces a slew of provincial elections this year and next, including in key Uttar Pradesh state, which sends the largest number of lawmakers to the parliament. Photographer: T. Narayan/Bloomberg via Getty Images
कानपुर एजेंसी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार को कानपुर पहुंचे। उन्होंने यहां कॉमनवेल्थ पार्लियामेंट्री एसोसिएशन द्वारा आयोजित यूपी-उत्तराखंड की 49 महिला सांसदों व विधायकों संबोधित किया। उन्होंने कहा- यूपी विधानसभा पिछले 3 सालों में नए-नए प्रयोग के बारे में जानी जा रही है। हमारी ई-विधानभा पेपरलेस है। ई-प्रणाली लागू करने में हम देश में नंबर वन हैं। हम विस में एक साथ बैठते हैं। तब हम समाज के बारे में सोचते हैं। जो सुधारता नहीं है, उसे प्रकृति सुधार देती है देश में पीएम मोदी के नेतृत्व में देश सुधार की ओर है। लोकतंत्र में हमने कभी अपनी बात को दूसरों पर नहीं थोपा। आज हम 1 करोड़ 91 लाख बच्चों को जूते मोजे और पूरी ड्रेस दे रहे हैं। एक जनप्रतिनिधि के रूप में शिक्षकों से बात कर सकते हैं। ऑपरेशन कायाकल्प के तहत स्कूल अच्छे बनाए गए। जनसहभागिता से ये काम किया गया। गांव आज 5 से 7 लोगों को रोजगार उपलब्ध करा रहा है। स्वावलंबी गांव की तरफ हम बढ़ रहे हैं। महिलाओं ने कहा-इस कार्यक्रम से हमारा आत्मविश्वास बढ़ा है।
कार्यक्रम में झांसी से पहुंची रमा आरती निरंजन ने कहा-पहले हम लोग घूंघट में रहते थे, किसी भी सरकारों ने ध्यान नहीं दिया। अब सब कॉमन हुआ है। सदन में बोलने का मौका दिया गया है। उस दिन से लगा कि अहम सशक्त हो रही हैं।
डिसीजन और पालिसी मेकिंग की क्षमता बढ़ेगी: पूर्व कैबिनेट मिनिस्टर बेबी रानी मौर्य ने कहा-प्राचीन काल से ही महिलाएं समाज और देश का नेतृत्व कर रही हैं। इस कार्यक्रम से महिलाओं में आत्मविश्वास का और अधिक विकास होगा। उनकी क्षमता बढ़ेगी। डिसीजन मेकिंग और पालिसी मेकिंग में हमारा कितना योगदान रहेगा, यह जानना जरूरी है।
महिलाएं समाज को नई दिशा दे रही हैं: झांसी से आईं रमा आरती निरंजन ने कहा- महिला को सशक्त करने का काम इस कार्यक्रम के जरिये किया गया। जिस दिन से सदन में बोलने का मौका दिया गया है। उस दिन से लगा कि अहम सशक्त हो रही हैं। गांव में महिलाएं प्रधान बनकर समाज को नई दिशा दे रही हैं। महिलाएं आगे बढ़ रही हैं। चुनावी में मंडल अध्यक्ष में बराबरी मिली। अभी तक सरकारों ने ध्यान नहीं दिया। हम लोग घूंघट में रहते थे, अब कामन हुआ रहा है। अपना 100 फीसदी दिया है।
महिलाओं को पहली बार जमीन में अधिकार दिया: सीएम योगी ने कहा- आप सब यहां एकत्र हुए हैं। दुनिया अंदर जो लोग अपने आपको प्रगतिशील कहते हैं उन देशो में महिला सदस्यों की सदस्यता काम है, यूपी में 15 और उत्तराखंड में 10 फीसदी है। महिलाओं को पहली बार जमीन में अधिकार दिया। गांव में ग्रामीणों के पास जमीन का प्रमाण नहीं होता था, अब घरौंनी के माध्यम से प्रमाण पत्र दिया जाता है। महिला के नाम पर जमीन का अधिकार होता ही है। रसोई गैस का कनेक्शन दिया। हर घर में शौचालय बनवाया। आयुष्मान कार्ड दिया, नारी शक्ति अधिनियम बिल पारित हुआ। एक तिहाई विधानसभा सभा में नेतृत्व 2029 तक होने जा रहा है। महिला ग्राम प्रधान, ब्लॉक में भी प्रतिनिधि बढ़ा। विधायिका में तब बढ़ेगा जब वह स्वयं निर्णय लेकर आगे आएंगी। स्पेस साइंस में आगे बढ़ रही है। इससे पहले मंच पर उत्तराखंड की महिला विधायकों ने मुख्यमंत्री को मोमेंटो सौंपा। महिलाओं में जाएगा अच्छा संदेश: शाहजहांपुर की तिलहर विस से विधायक सलोना कुशवाहा ने कहा-हम लोगों की दूसरी ऐसी बैठक है। साल 2022 में भी कार्यक्रम हुआ था। ऐसा किसी भी देश में कभी नहीं हुआ कि एक मंच पर महिलाओं को बुलाया गया हो और उन्हें अपनी बात रखने का मौका मिला हो। इसमें उप्र और उत्तराखंड की लोग शामिल हुए हैं। इससे महिलाओं में अच्छा संदेश जाएगा। बेटियों को उत्साह मिलेगा। महिलाओं की गुणवत्ता और दूष्टिकोण में होगा सुधार: कानपुर से कल्याणपुर क्षेत्र की विधायक नीलिमा कटियार ने कहा, इस कार्यक्रम के कई दूरदर्शी मायने हैं। इससे महिलाओं की गुणवत्ता और दूष्टिकोण में सुधार होगा। विधायी परंपरा के तहत कैसे सुधार हो, यहां आई हुई महिलाओं ने समझा। उन लोगों में विचार विनिमय हो रहा है, जोकि उपयोगी होगा। महिलाओं में आत्मविश्वस बढ़ेगा: अपना दल विधायक सरोज कुरील ने कहा-ये हम सभी के लिए सौभाग्य की बात है। महिला और पुरुष एक साथ कंधा से कंधा मिलाकर चल रहे हैं।हमारा देश आगे बढ़ रहा है। इस कार्यक्रम से महिलाओं में आत्मविश्वस बढ़ेगा। उनकी प्रतिनिधत्व की क्षमता का विकास होगा।
हमने उत्तर प्रदेश में काम किया: पहले उत्तर प्रदेश उत्तराखंड एक था। पहले देश कि संविधान सभाई में 15 महिला सदस्य थीं। जिसमे 4 यूपी की थीं। कार्यकाल तब महत्त्व होगा, जब आप मिले समय में क्या किया अपने प्रतिनिधित्व दे रहे गईं। उत्तराखंड में जन्मभूमि रही, हमने उत्तर प्रदेश में काम किया।