
गढ़मुक्तेश्वर एजेंसी। गढ़मुक्तेश्वर में सिंभावली ऊर्जा निगम के अवर अभियंता पर अभद्रता और किसान उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) टिकैत के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को एसडीओ कार्यालय का घेराव कर धरना प्रदर्शन किया। यह धरना देर शाम निगम के अधिकारियों के आश्वासन के बाद स्थगित किया गया। भाकियू टिकैत के जिलाध्यक्ष दिनेश खेड़ा ने आरोप लगाया कि निगम के अधिकारी किसानों के साथ पक्षपात कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जेई (अवर अभियंता) के निर्देश पर केवल पाँच हजार रुपये के मामूली बकाये पर किसान का बिजली कनेक्शन काट दिया गया। इसके विपरीत लाखों रुपये के बकायेदारों के खिलाफ कोई सख्त कार्रवाई नहीं की जा रही है। जब किसान इस मामले को लेकर बात करने गए, तो अवर अभियंता ने कथित तौर पर अभद्र भाषा का प्रयोग किया। इस घटना से आक्रोशित किसान नेताओं ने एसडीओ कार्यालय का घेराव कर धरना देने का निर्णय लिया। धरना प्रदर्शन के दौरान एसडीओ तेजपाल सिंह और जेई रामबली मौर्या ने प्रदर्शनकारियों से मुलाकात की। अधिकारियों ने किसानों को भरोसा दिलाया कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति नहीं होगी। साथ ही, किसानों के साथ संवाद और उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। अधिकारियों के आश्वासन के बाद भाकियू कार्यकर्ताओं ने धरना स्थगित कर दिया। इस दौरान भाकियू के कई प्रमुख सदस्य, जैसे खुशनूद जूनियर, कुलदीप राठी, मतलूब, नौशाद, शाहरुख प्रधान, आजाद, मुनव्वर, राजा चौधरी, और हरीश मौजूद थे। किसानों ने मांग की है कि छोटे बकायेदारों को परेशान करने के बजाय बड़े बकायेदारों के खिलाफ ठोस कार्रवाई की जाए। साथ ही, निगम के अधिकारी और कर्मचारी अभद्र व्यवहार से बचें। किसान संगठन ने स्पष्ट किया है कि अगर उनकी मांगें नहीं मानी गईं, तो आगे और बड़ा आंदोलन किया जाएगा।