
Yogi Adityanath, chief minister of Uttar Pradesh, speaks during a news conference in Lucknow, India, on Friday, March 19, 2021. The ruling Bharatiya Janata Party faces a slew of provincial elections this year and next, including in key Uttar Pradesh state, which sends the largest number of lawmakers to the parliament. Photographer: T. Narayan/Bloomberg via Getty Images
अयोध्या एजेंसी। सीएम योगी ने कहा- गलतफहमी में मत रहिए, बंटेंगे तो कटेंगे। ये बांटने वाले लोग दुनिया के कई देशों में प्रॉपर्टी खरीदकर रखे हैं। ये इस सोच में हैं कि यहां संकट आएगा तो वहां चले जाएंगे। मरने वाले लोग मरते रहेंगे। योगी ने कहा- दुश्मन बगल के देश बांग्लादेश में किस तरह का कृत्य कर रहे हैं। यहां भी ऐसे लोग हैं। योगी ने अयोध्या के रामायण मेले के उद्घाटन के दौरान ये बातें कहीं। उन्होंने तुलसी दल पत्रिका का विमोचन भी किया। सीएम ने कहा- याद रखना, 500 साल पहले बाबर के एक सिपहसलार ने जो काम अयोध्या में किया, जो संभल में किया और जो काम आज बांग्लादेश के अंदर हो रहा…तीनों की प्रकृति और क्छ। एक जैसा है। उन्होंने कहा- सपाई गुंडों के संरक्षण के बगैर बिन पानी मछली की तरह तड़पते हैं, जिसके मन में भगवान राम के प्रति श्रद्धा का भाव नहीं है, उसको कट्घ्टर दुश्मन की तरह त्याग देना चाहिए। जो राम का नहीं, वो हमारे किसी काम का नहीं। देश पर संकट आएगा तो भाग जाएंगे योगी ने कहा- दुश्मन बगल के देश बांग्लादेश में किस तरह का कृत्य कर रहे हैं। याद रखना, 500 साल पहले बाबर के एक सिपहसलार ने जो काम अयोध्या में किया, जो संभल में किया और जो काम आज बांग्लादेश के अंदर हो रहा… तीनों की प्रकृति और तीनों का क्छ। एक जैसा है। गलतफहमी में मत रहना। अगर कोई ये मानता है कि वो बांग्लादेश में हो रहा तो यहां भी बांटने वाले तत्व उनके लिए खड़े हैं, जो समाज के ताने-बाने को छिन्न-भिन्न कर रहे हैं। सामाजिक एकता को तोड़कर आपको बांटकर, फिर काटने और कटवाने का पूरा इंतजाम भी कर रहे हैं। ये बांटने वाले लोग दुनिया के तमाम देशों में प्रॉपर्टी खरीदकर रखे हैं। ये इस सोच में हैं कि यहां संकट आएगा तो वहां चले जाएंगे। मरने वाले लोग मरते रहेंगे। जिसके मन में राम के प्रति श्रद्धा नहीं, उसको दुश्मन की तरह त्याग देना चाहिए योगी ने कहा- प्रभु फिर से राम मंदिर में विराजमान हुए हैं। आयोजन अयोध्या में था, लेकिन उत्सव पूरी दुनिया में था। हर सनातनी गौरव की अनुभूति कर रहा था। वह यही कह रहा था कि जिस कार्य को हमारे पूर्वज नहीं देख पाए, वह हम लोग आज देख पा रहे हैं। 1990 दशक के दौरान जब दूरदर्शन ने रामायण सीरियल प्रस्तुत किया था, क्या दृश्य होता था। कौन ऐसा सनातनी था जो रामायण सीरियल देखने के लिए 1 घंटे को बैठ न जाता हो। लोग दूर-दूर तक देखने के लिए जाते थे। जिसके मन में भगवान राम के प्रति श्रद्धा का भाव नहीं है, उसको एक कट्घ्टर दुश्मन की तरह त्याग देना चाहिए। इसीलिए 1990 के दशक में रामभक्तों ने नारा लगाया था, तब वेदांती जी भी बहुत जवान थे। अब तो वह लगभग 100 साल के हैं। तब ये भी नारा लगाते थे- जो राम का नहीं, वो हमारे किसी काम का नहीं।