
मेरठ में विश्व हिंदू परिषद (विहिप) की केंद्रीय प्रन्यासी बैठक के दौरान संगठन के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार ने अल्पसंख्यक अधिकारों, मदरसों और सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि कुछ समुदायों को प्राप्त विशेष सुविधाओं और अधिकारों का दुरुपयोग किया जा रहा है, जिस पर गंभीर विचार और कार्रवाई की आवश्यकता है।
शुक्रवार को जंबूद्वीप परिसर में आयोजित बैठक के चौथे दिन आलोक कुमार ने कहा कि जिहादी विचारधारा को बढ़ावा देने वाले मदरसों को पूर्णतः सरकारी निगरानी में लाया जाना चाहिए। साथ ही उन्होंने देश में अवैध रूप से संचालित मदरसों और मस्जिदों को बंद करने की मांग की। उनका कहना था कि भारत में ईसाई और मुस्लिम समुदायों के साथ कभी भी धर्म के आधार पर भेदभाव नहीं किया गया, बावजूद इसके कुछ समुदायों की जनसंख्या वृद्धि दर अन्य वर्गों की तुलना में अधिक है, ऐसे में अल्पसंख्यक दर्जे को लेकर पुनर्विचार जरूरी है।
उन्होंने यह भी कहा कि वर्तमान व्यवस्था में अल्पसंख्यकों को सामान्य नागरिकों की अपेक्षा अधिक अधिकार प्राप्त हैं, जिसके चलते हिंदू समाज के कुछ वर्ग भी अतिरिक्त सुविधाओं के लिए अल्पसंख्यक दर्जा लेने की कोशिश कर रहे हैं। आलोक कुमार ने आरोप लगाया कि विशेष अधिकारों का दुरुपयोग कर कुछ संस्थानों में उच्च शिक्षा के नाम पर अलगाववादी सोच और राष्ट्रविरोधी गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने अल्पसंख्यक दर्जा प्रदान करने की प्रक्रिया की जांच की मांग की।
आलोक कुमार ने कहा कि आज केवल भारत ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया जिहादी मानसिकता और आतंकवाद की चुनौतियों का सामना कर रही है। उनके अनुसार, शिक्षित और पेशेवर पृष्ठभूमि से जुड़े कुछ लोग भी कट्टर विचारधारा की ओर आकर्षित हो रहे हैं, जो वैश्विक स्तर पर चिंता का विषय है।
बैठक के दौरान संगठनात्मक स्तर पर कई महत्वपूर्ण दायित्वों में बदलाव की घोषणा भी की गई। बजरंग दल के राष्ट्रीय सह संयोजक किशन प्रजापति को पदोन्नत कर राष्ट्रीय संयोजक बनाया गया, जबकि विवेक कुलकर्णी को राष्ट्रीय सह संयोजक की जिम्मेदारी सौंपी गई। वर्तमान राष्ट्रीय संयोजक नीरज दौनेरिया को विहिप के इंद्रप्रस्थ क्षेत्र का क्षेत्रीय संगठन मंत्री नियुक्त किया गया।
इंद्रप्रस्थ क्षेत्र में दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश शामिल हैं। वरिष्ठ प्रचारक मुकेश विनायक खांडेकर को पश्चिमी उत्तर प्रदेश क्षेत्र का क्षेत्र संगठन मंत्री बनाया गया, जिसमें मेरठ, बृज और उत्तराखंड प्रांत आते हैं। इसके अलावा चितरंजन कुमार को झारखंड, देवी सिंह को उत्तर बिहार और नागेंद्र समर्थ को दक्षिण बिहार का प्रांत संगठन मंत्री नियुक्त किया गया। गोरक्ष प्रांत में दीपेश को प्रांत संगठन मंत्री तथा विभूति पांडेय को भोपाल क्षेत्र का सेवा प्रमुख बनाया गया।
