
मेरठ हीरा टाइम्स ब्यूरो। पराग डेयरी, जो दूध और दुग्ध उत्पादों के प्रमुख उत्पादकों में से एक है, में छात्रों ने डेयरी निर्माण प्रक्रिया का बारीकी से अध्ययन किया। इस यात्रा का आयोजन 19 व 20 फरवरी 2025 को किया गया, जहाँ आईएचएम मेरठ के छात्रों को डेयरी की विभिन्न मशीनों और उत्पादन प्रक्रिया को समझने का अवसर मिला। आईएचएम मेरठ के छात्रों ने पराग डेयरी के दूध पाउडर संयंत्र, फैट सेपरेटर, दूध पाश्चुरीकरण मशीन, दूध पैकिंग मशीन, मक्खन और घी बनाने की मशीनों का अवलोकन किया। इन मशीनों को देखकर छात्रों में गहरी रुचि और उत्साह देखा गया। इस औद्योगिक भ्रमण में 86 छात्रों का समूह व 4 शिक्षकों संजय प्रसाद, संजय त्यागी, लवली रखेजा एवं प्रितिका छाबडा के मार्गदर्शन में पराग डेयरी पहुँचा। सभी छात्रों ने पराग डेरी के वैश्विक व्यंजनों का स्वाद चखने का आनंद लिया जो स्वादिष्ट और शानदार थे। कॉलेज द्वारा छात्र और शिक्षकों के लिए नाश्ते की व्यवस्था भी की गई थी। पराग डेयरी में छात्रों ने निम्नलिखित प्रमुख मशीनों और प्रक्रियाओं को देखा और समझाः ’’दूध पाउडर संयंत्र’’ इस संयंत्र में दूध को पाउडर के रूप में बदलने की प्रक्रिया दिखाई गई। ’’फैट सेपरेटर’’ यह मशीन दूध में से फैट को अलग करने के लिए प्रयोग की जाती है। ’’दूध पाश्चुरीकरण मशीन’’ यह मशीन दूध को सुरक्षित रखने के लिए पाश्चुरीकरण की प्रक्रिया करती है। ’’दूध पैकिंग मशीन’’ इस मशीन का उपयोग दूध को पैक करने के लिए किया जाता है। ’’मक्खन और घी बनाने की मशीन’’ इस मशीन का उपयोग मक्खन और घी बनाने के लिए किया जाता है।
इस यात्रा ने छात्रों को डेयरी उद्योग के उत्पादन प्रक्रियाओं को समझने और जानने का एक अद्वितीय अवसर प्रदान किया, और यह उद्योग में उनके भविष्य के करियर के लिए बहुत ही शिक्षाप्रद साबित हुआ। अंत में डीन एकेडमिक्स प्रो. संदीप वर्मा द्वारा पराग डेरी को धन्यवाद प्रस्तुत किया गया।