
बागपत संवाद सूत्र। भीम आर्मी प्रमुख और नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद बागपत पहुंच गए हैं। वे छात्र जितेंद्र कुमार के परिवार से मुलाकात की। उन्हें न्याय का भरोसा दिलाया। इस दौरान उन्होंने खेकड़ा इंस्पेक्टर कैलाश चंद और क्षेत्राधिकारी प्रीता सिंह से बातचीत की और आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि सभी आरोपियों को 11 जनवरी तक जेल भेज दिया जाएगा। बता दें कि दिल्ली में 25 दिसंबर को संसद भवन के सामने आत्महत्या का प्रयास करने वाले छात्र जितेंद्र कुमार की 27 दिसंबर को इलाज के दौरान मौत हो गई। इस घटना ने पूरे देश का ध्यान खींचा और सामाजिक व राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी। भीम आर्मी प्रमुख और नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद ने इस मामले को गंभीरता से लेते छपरौली पहुंचे हैं। जितेंद्र के परिवार ने न्याय की गुहार लगाते हुए 30 दिसंबर को एसपी कार्यालय में अपनी शिकायत दर्ज कराई। परिजनों ने आरोप लगाया कि जितेंद्र को झूठे मुकदमों में फंसाया गया और उसे मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया, जिसके चलते उसने आत्महत्या जैसा कदम उठाया। परिजनों ने आत्महत्या के लिए उकसाने वाले चार व्यक्तियों पर कार्रवाई की मांग की है। छपरौली के निवासी जितेंद्र द्वारा सांसद के सामने आत्महत्या के प्रयास पर उन्होंने कहा कि वह पीड़ित परिवार के साथ खड़े हैं। उन्होंने माना कि परिवार को न्याय न मिलने के कारण ही यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना घटी। चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि आत्महत्या समाधान नहीं है, बल्कि अपनी आवाज उठाना जरूरी है। इस मामले में वह लगातार अधिकारियों के संपर्क में हैं और न्याय सुनिश्चित करने के प्रयास कर रहे हैं। हिंदू संगठनों के विरोध के सवाल पर उन्होंने कहा कि यह प्रधानमंत्री का व्यक्तिगत मामला है और वे इसे स्वयं संभाल लेंगे। सांकरौद गांव में युवाओं द्वारा महिलाओं पर किए गए अभद्र व्यवहार और हमले को उन्होंने जिले, प्रदेश और देश की गरिमा पर ठेस बताया। अखिलेश यादव और मोहन भागवत के बयानों पर दी प्रतिक्रिया: मुख्यमंत्री आवास के नीचे शिवलिंग होने के अखिलेश यादव के बयान पर उन्होंने कहा कि पांच साल तक मुख्यमंत्री रहते हुए यादव को इन मामलों की बेहतर जानकारी होगी। मोहन भागवत द्वारा मंदिर-मस्जिद की राजनीति पर दिए बयान पर उन्होंने कहा कि आज की राजनीति को भागवत अच्छी तरह समझते हैं, इसलिए उन्होंने यह टिप्पणी की है। सांकरौद और छपरौली मामलों में कार्रवाई की चेतावनी चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि यदि इन दोनों मामलों में पीड़ित परिवारों को जल्द न्याय नहीं मिला, तो वह सड़क पर आंदोलन करेंगे। उन्होंने बागपत डीएम ऑफिस पर घेराव की चेतावनी भी दी।