लखनऊ एजेंसी। मुख्यमंत्री जनता दरबार में सोमवार को 5 साल की बच्ची पहुंची। उसने बड़े मासूम अंदाज में सीएम योगी ने कहा, श्स्कूल जाना चाहती हूं, आप मेरा एडमिशन करा दीजिए। बच्ची का बेधड़क अंदाज देख योगी मुस्कराने लगे। उन्होंने दुलारते हुए पूछा, बताओ तुम्हारा एडमिशन किस क्लास में करा दें? बच्ची ने एक स्कूल का नाम बताया। योगी ने फिर पूछा- स्कूल तो ठीक है। क्लास बताओ, किसी क्लास में? 10वीं में करवा दें या 11वीं में? योगी ने तुरंत गृह सचिव संजय प्रसाद को बच्ची का एडमिशन कराने का निर्देश दिया। 4 घंटे के अंदर मुरादाबाद के सबसे महंगे स्कूल में बच्ची का नर्सरी क्लास में एडमिशन हो गया। जानकारी के अनुसार, स्कूल में नर्सरी की फीस 2 लाख रुपए सालाना है। बच्ची का नाम वाची है। वह मुरादाबाद से अपने पिता के साथ जनता दरबार में पहुंची थी। सीएम योगी ने गृह सचिव संजय प्रसाद को वाची का अप्लीकेशन पकड़ाते हुए बोले- इसका एडमिशन कराओ भाई। एडमिशन हर हाल में होना चाहिए। सीएम योगी ने सुबह 8 बजे एडमिशन का ऑर्डर दिया। चार घंटे के भीतर बच्ची का नर्सरी में एडमिशन हो गया। इस संबंध में स्कूल ने लेटर जारी किया है। मुरादाबाद के बीएसए को लेटर भेजा है। जिसमें लिखा, वाची पुत्री अमित कुमार का नाम चौथी लॉटरी में सीएल गुप्ता वर्ल्ड स्कूल में आवंटित हुआ था। इनका एडमिशन कक्षा नर्सरी में ले लिया गया है। दरअसल, वाची का शिक्षा के अधिकार अधिनियम के तहत सीएल गुप्ता स्कूल आवंटित हुआ था। लेकिन बच्ची का नाम स्कूल अपने यहां लिख नहीं था। इसी बात की शिकायत वाची सीएम योगी के पास लेकर पहुंची थी।
