
मेरठ हीरा टाइम्स ब्यूरो। भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के सदस्यों ने कलेक्ट्रेट पर जोरदार प्रदर्शन किया। उन्होंने पंजाब सरकार का पुतला फूंका। किसान नेताओं ने कहा कि शंभू बॉर्डर पर किसान कानूनी तौर पर प्रदर्शन कर रहे थे। जिला अध्यक्ष अनुराग चौधरी के नेतृत्व में सैकड़ों किसान कलेक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारी को सौंपा। किसान नेताओं ने बताया कि शंभू बॉर्डर पर 13 महीने से चल रहे आंदोलन में दो दर्जन से अधिक किसानों की मौत हो चुकी हैकिसानों की प्रमुख मांगों में दो दर्जन फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य की गारंटी शामिल है। साथ ही बुजुर्ग किसानों और मजदूरों के लिए मासिक पेंशन और कर्ज माफी की मांग भी है। केंद्र सरकार किसानों से वार्ता कर रही थी। बुधवार को वार्ता समाप्त होने के बाद मोर्चे पर लौट रहे किसान नेताओं को पंजाब सरकार ने गिरफ्तार कर लिया। शंभू और खनौरी बॉर्डर पर चल रहे दोनों प्रदर्शन स्थलों को खाली करा दिया गया। वहां मौजूद बुजुर्ग किसानों और महिलाओं को भी हिरासत में लिया गया। किसान नेताओं का कहना है कि यह उनके प्रदर्शन के अधिकार का हनन है।