मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गाजियाबाद में मेरठ मंडल के जनप्रतिनिधियों के साथ हुई बैठक में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कोई भी पात्र मतदाता सूची से वंचित न रहे और फर्जी मतदाताओं के नाम अनिवार्य रूप से हटाए जाएं।
मुख्यमंत्री ने बूथ स्तर पर कड़ी निगरानी रखने और एसआईआर कार्यक्रम को पूरी गंभीरता के साथ लागू करने पर जोर दिया।

चुनाव आयोग के निर्देश पर उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) का कार्यक्रम जारी है। मेरठ मंडल में एसआईआर की प्रगति की समीक्षा के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सोमवार को गाजियाबाद के नेहरू नगर स्थित दुर्गावती हेमराज टाह सरस्वती विद्या मंदिर पहुंचे।
समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने मेरठ मंडल के सभी जिलाध्यक्षों, महानगर अध्यक्षों, विधायकों तथा विधानसभा क्षेत्रों के संयोजकों और सह-संयोजकों को सख्त निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि एसआईआर कार्यक्रम को पूरी गंभीरता से लिया जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी पात्र मतदाता सूची से वंचित न रहे, जबकि फर्जी मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से अनिवार्य रूप से हटाए जाएं। मुख्यमंत्री ने इसे पार्टी पदाधिकारियों की प्रमुख जिम्मेदारी बताया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने करीब 45 मिनट तक चली समीक्षा बैठक में मेरठ मंडल के हर जिले और प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र के एसआईआर आंकड़े स्वयं प्रस्तुत किए। साहिबाबाद सहित उन विधानसभा क्षेत्रों की स्थिति पर उन्होंने विशेष ध्यान दिलाया, जहां गणना प्रपत्रों का जमा प्रतिशत कम है, और वहां काम तेज करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पार्टी के बूथ लेवल एजेंट तक यह संदेश स्पष्ट रूप से पहुंचाया जाए कि एसआईआर को लेकर किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि चुनाव आयोग द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान को केवल प्रशासनिक प्रक्रिया न मानकर भाजपा संगठन की जिम्मेदारी समझा जाए।
सीएम ने यह भी निर्देश दिए कि नवविवाहित महिलाओं के नाम मतदाता सूची में अनिवार्य रूप से जोड़े जाएं। साथ ही, अनुपस्थित श्रेणी में आए मतदाताओं की जानकारी जुटाई जाए और जिन मतदाताओं ने अब तक जानकारी के अभाव में गणना प्रपत्र नहीं भरा है, उनकी मदद कर फार्म भरवाकर जमा कराया जाए।
